प्रभारी एडीओ पंचायत हलिया पर भ्रष्टाचार का आरोप, पूर्व प्रधान संघ अध्यक्ष ने जनसुनवाई पोर्टल पर की शिकायत।

उत्तर प्रदेश मिर्जापुर
Share News

प्रभारी एडीओ पंचायत हलिया पर भ्रष्टाचार का आरोप, पूर्व प्रधान संघ अध्यक्ष ने जनसुनवाई पोर्टल पर की शिकायत।

डिप्टी ब्यूरो चीफ जितेंद्र कुमार केसरी

मिर्जापुर। हलिया
विकास खंड के गलरा ग्राम पंचायत के पूर्व प्रधान व पूर्व प्रधान संघ अध्यक्ष हलिया शिव प्रसाद तिवारी ने बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर प्रभारी एडीओ पंचायत हलिया के ऊपर शौचालय निर्माण कार्य में वित्तीय अनियमितता व भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए प्रार्थना पत्र दिया है।दिए गए शिकायती प्रार्थना पत्र में बताया है कि गत वर्ष मार्च माह में एडीओ पंचायत हलिया विनोद कुमार का तबादला हो जाने के बाद डीपीआरओ द्वारा ग्राम पंचायत अधिकारी पीयूष दुबे को अपने मूल पदीय दायित्वों के साथ एडीओ पंचायत का प्रभार सौंपा गया था। विकास खंड में पिछले दस वर्ष से कार्यरत ग्राम पंचायत अधिकारी पीयूष दुबे को हलिया एडीओ पंचायत का प्रभार मिलते ही ब्लाक में स्वच्छता क्वार्डिनेटर के पद पर तैनात राजदेव दुबे व आशिक अली तथा कंप्यूटर आपरेटर रोजन शेख कार्यों में लापरवाही बरतने लगे और क्षेत्र व पंचायत कार्यालय से अकसर नदारद रहने लगे। जिससे ब्लाक के ग्रामीण स्वच्छता अभियान के तहत कराए जा रहे कार्यों में कोताही बरती जाने लगी।प्रभारी एडीओ पंचायत की मिलीभगत से तीनों ब्लाक कर्मी अपने कार्यों में रूचि नही लेकर मनमानी तरीके से काम करने लगे।इनकी लापरवाही से विकास खंड के अधिकांश गांवों में आधे अधूरे निर्मित शौचालय अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहे हैं।प्रभारी एडीओ पंचायत विकास खंड में दस वर्षों से भी अधिक समय से कार्यरत हैं। पीयूष दुबे जिन ग्राम पंचायतों में ग्राम पंचायत अधिकारी के पद पर तैनात हैं वहां के एसबीएम तथा एलओबी शौचालय उनकी लापरवाही तथा बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता करने के कारण आधे अधूरे पड़े हुए हैं और भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गये हैं।ग्राम पंचायत अधिकारी पीयूष दुबे द्वारा बड़े पैमाने पर शौचालय निर्माण कार्य में वित्तीय अनियमितता की गई है। जनहित में जिसकी जांच नितांत आवश्यक है। विकास खंड में 90 प्रतिशत सामुदायिक शौचालय प्रभारी एडीओ पंचायत की लापरवाही से आज तक आधे अधूरे पड़े हुए हैं सामुदायिक शौचालय निर्माण कार्य पूरा नही होने से बरसात के दिनों में ग्रामीण इसका उपयोग नही कर पाएंगे। प्रभारी एडीओ पंचायत पीयूष दुबे अपने मातहतों द्वारा बरती जा रही लापरवाही पर अंकुश नही लगा पा रहे हैं। पूर्व ग्राम प्रधान ने प्रभारी एडीओ पंचायत के कार्यकाल में शौचालयों में की गई वित्तीय अनियमितता की जांच तथा ब्लाक में ग्राम पंचायतों के कार्यों को सुचारू रूप से किए जाने हेतु स्थायी एडीओ पंचायत नियुक्त किए जाने की मांग किया है।