प्रमुख समाचार
खबर #1 'पिताजी को लेकर बोली गई भाषा...'! PM पर मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी से बिहार में सियासी बवाल, माफी की मांग तेज ✦
खबर #2 अनंत सिंह JDU से 6 सालों के लिए निष्कासित, विधानसभा सदस्यता रद्द करने की भी अनुशंसा, पत्नी पर भी गिरी गाज ✦
खबर #3 राजस्थान पंचायत चुनाव परिणाम 2026 लाइव: बीकानेर ने पार्वती ने बनाया रिकॉर्ड, खोहर को मिला पहला अलग सरपंच ✦
खबर #4 फ़्रांस में महंगाई के ख़िलाफ़ लाखों प्रदर्शनकारी सड़कों पर, यूरोप के और देशों का क्या हाल ✦
खबर #5 जामिया में छात्रों की नारेबाजी से बढ़ा तनाव, गेट नंबर 7 से तीन महिला समेत चार छात्र नेता डिटेन ✦
खबर #6 थलपति विजय की मर्जी के खिलाफ तमिलनाडु में RSS का रूट मार्च आज, मद्रास हाई कोर्ट ने दी थी अनुमति ✦
खबर #7 झमाझम बारिश, स्कूल-कॉलेज बंद... चक्रवाती तूफान से सहमा पुडुचेरी-ओडिशा, येलो अलर्ट जारी ✦
खबर #8 PM ने ओडिशा में RBI डेटा सेंटर का इनॉगरेशन किया: मुंबई वाला खराब हुआ तो यह बैकअप देगा; बैंकिंग-पेमेंट सिस्ट... ✦
खबर #9 'कन्नड़ उम्मीदवारों को नजरअंदाज न करें, वरना...', बेंगलुरु की IT कंपनियों को CM डीके शिवकुमार की चेतावनी ✦
खबर #10 UP चुनाव: कांग्रेस के 200 सीटों वाले पोस्टर पर अखिलेश बोले- गठबंधन से पेट में... ✦
खबर #11 ट्रंप ने दी फिर हमले की चेतावनी तो ईरान ने बताया कैसे देगा जवाब ✦
खबर #12 मक्का-मदीना पर हमलों से हूतियों का इनकार, कहा- सऊदी के तेल ठिकानों को बनाया निशाना ✦
📍 स्थान खोजा जा रहा है...
|
📅 लोड हो रहा है... • --:--:-- IST (+5:30)
Sunday, 25 October 2026  |  लखनऊ, उत्तर प्रदेश हम कुछ अलग सोचते हैं, हम कुछ अलग करते हैं
 मानवाधिकार मीडिया मानवाधिकार मीडिया
MANVADHIKAR MEDIA • जनता की आवाज़, हर पल के साथ
विज्ञापन | Advertisement
ताज़ा खबर
होम » बिहार » खबर का पेज

बिहार का मखाना अब ग्रीस तक पहुंचा, किसानों को नया बाजार

बिहार का मखाना अब ग्रीस तक पहुंचा, किसानों को नया बाजार

बिहार के पूर्णिया का मखाना अब ग्रीस तक पहुंच रहा है, जिससे बिहार के किसानों और मखाना उत्पादकों के लिए नया अंतरराष्ट्रीय बाजार खुल गया है। प्रधानमंत्री ने मन की बात में इसका जिक्र करते हुए कहा कि स्थानीय उत्पादों की दुनिया में मांग बढ़ रही है और यही वोकल फॉर लोकल की सफलता है।

मखाना बिहार की पहचान माना जाता है और पूर्णिया व आसपास के जिलों में इसका उत्पादन बड़े पैमाने पर होता है। पहले मखाना मुख्य रूप से घरेलू बाजार तक सीमित था, लेकिन अब अच्छी पैकेजिंग और गुणवत्ता के कारण विदेशी बाजारों में भी इसकी मांग बढ़ रही है। इससे किसानों को बेहतर दाम मिलने की उम्मीद है।

विज्ञापन | Advertisement

विशेषज्ञों का कहना है कि मखाने जैसे स्थानीय उत्पादों के लिए प्रसंस्करण, ब्रांडिंग और निर्यात की सुविधाएं बढ़ाने से किसानों की आय में स्थायी वृद्धि हो सकती है। इसके लिए उत्पादकों को प्रशिक्षण, भंडारण और बाजार से जोड़ने की व्यवस्था को और मजबूत करना होगा।

शेयर करें:WhatsAppFacebookXTelegram
विज्ञापन | Advertisement

संबंधित खबरें