लखनऊ। राजधानी लखनऊ में उत्तर प्रदेश का पहला ई-बस पोर्ट बनाने की तैयारी तेज हो गई है। वृंदावन क्षेत्र में प्रस्तावित इस पोर्ट के निर्माण पर करीब 265 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। यहां से 150 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की सुविधा विकसित की जाएगी, जिससे शहर के सार्वजनिक परिवहन को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
परियोजना के तहत बसों की चार्जिंग, रखरखाव और पार्किंग की आधुनिक व्यवस्था एक ही परिसर में उपलब्ध होगी। अधिकारियों के अनुसार ई-बसों के बढ़ने से डीजल पर निर्भरता घटेगी और राजधानी की हवा को भी राहत मिलेगी। यात्रियों को अधिक बसें मिलने से लंबे इंतजार और भीड़ की समस्या कम हो सकती है।
परिवहन विभाग से जुड़े लोगों का कहना है कि पोर्ट बनने के बाद लखनऊ में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी का ढांचा मजबूत होगा। स्थानीय लोगों ने फैसले का स्वागत करते हुए कहा है कि काम तय समय पर पूरा होना चाहिए, ताकि त्योहारी सीजन में बढ़ती यात्री संख्या के बीच शहर को स्वच्छ और सुविधाजनक बस सेवा मिल सके।



