उत्तर प्रदेश की सियासत में एक नया मोड़ आया है। पूर्व IAS अधिकारी दिव्या मित्तल ने अपनी नई राजनीतिक पार्टी का ऐलान कर दिया है और साथ ही आगामी उत्तर प्रदेश चुनाव लड़ने की घोषणा भी की है। उनके इस कदम के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।दिव्या मित्तल प्रशासनिक सेवा में रहते हुए अपने कामकाज को लेकर चर्चा में रही हैं। अब वह नौकरशाही से सीधे राजनीति के मैदान में उतर आई हैं। ऐलान के दौरान उन्होंने प्रदेश के विकास, पारदर्शिता और आम लोगों के मुद्दों को अपनी राजनीति का केंद्र बनाने की बात कही।राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि किसी पूर्व नौकरशाह का नई पार्टी बनाकर चुनाव मैदान में उतरना प्रदेश के समीकरणों को प्रभावित कर सकता है। हालांकि असली परीक्षा यह होगी कि संगठन गांव-गांव तक कितनी मजबूती से खड़ा हो पाता है और जनता का भरोसा कितना मिलता है।आने वाले दिनों में पार्टी के नाम, संगठन और कार्यक्रमों को लेकर और जानकारी सामने आने की उम्मीद है। प्रदेश के प्रमुख दल भी इस नए ऐलान पर नजर बनाए हुए हैं।