संयुक्त टीम ने तड़के सुबह सूर्य उदय से पहले ग्रामीणों के घरो मे घुसकर की चेकिंग।
3 किलो वाट से नीचे घरेलू कनेक्शन को संयुक्त टीम उपभोक्ताओ के घरो मे घुसकर नही कर सकते है चैकिंग
डीएम के आदेश को दिखाया ठेंगा
षड्यंत्र के तहत मिलजुलकर की जाती है चैकिंग उपभोक्ताओ से बसूले जाते है पैसा
ईटो। चेकिंग के नाम पर विघुत विभाग और विजीलेन्स टीम के द्वारा संयुक्त चैकिन अभियान चलाया गया है । अधिकारियो के द्वारा विघुत चैकिंग के नाम पर ग्रामीणों को खूब प्रताड़ित किया जा रहा है । सुबह करीब 4 से 6 बजे के आसपास सूर्य उदय के पूर्व अधिकारियों के द्वारा टाउन के गांव ग्राम सिगटौली मे विघुत उपभोक्ताओं के ग्रामीणों के घरो मे अन्दर घुसकर महिलाओ और बच्चों के बीच विघुत चैकिंग की गई है । और ग्रामीणों से अभद्र व्यावहार किया गया ।चैकिग करने का तरीका ऐसा था ।जैसे किसी बहुत बड़े अपराधी को या आतंकवादी को पकड़ा जा रहा हो। चैकिंग अभियान का तरीका देखकर ग्रामीणों में अफरा तफरी मच गई ।घरो में बच्चे डर गए महिलाए घबरा गई । एक तरह से डर का माहौल बन गया । विघुत विभाग के द्वारा जिस तरह से मनमानी की जा रही है । लग रहा है कानून और सविधान का कोई भी मतलब ही नही रहा है ।ग्रामीणो और उपभोक्ताओं पर विघुत विभाग के अधिकारी अनैतिक तरीको से दबाव बना रहे है । और पैसा ऐठने का काम कर रहे है । पूर्व में विघुत विभाग के एसडीओ कुठौन्द और जेई बिजीलेन्स टीम पर ग्रामीणों ने प्रताड़ित करने भ्रष्टाचार करने का आरोप लगाया था ।जिस पर डीएम जालौन के द्वारा एक आदेश जारी किया गया था ।जिसमे कहा गया था कि 3 किलो बाट से नीचे कनेक्शन धारी घरेलू कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं के घर में घुसकर चैकिंग नही कर सकते है । उनके साथ अभद्र व्यवहार नही कर सकते है । अबैध वसूली नही कर सकते है । बिना जिलाधिकारी के आदेश के चैकिंग करने वाले अधिकारियों पर कार्यवाही की जायेगी । कुछ दिन तक जिलाधिकारी के आदेश का पालन हुआ। जिलाधिकारी बदलते ही अब फिर दोवारा से बिजली चैकिंग करने के नाम पर अधिकारियों का ताण्डव शुरू हो गया ।ग्रामीणो को विघुत चैकिंग के नाम पर सताया जा रहा है । संयुक्त टीम के द्वारा बिजली चोरी के नाम पर फर्जी मुकदमे लिखने का काम जारी हो गया है । उपभोक्ताओं के साथ संयुक्त टीम दुहरा व्यावहार करती है ।अगर किसी उपभोक्ता के मीटर से सप्लाई नही आती है ।तो विघुत कर्मचारी बिना मीटर से सीधी विघुत लाईन जोड़ देते है ।और कहते है कि अभी ऐसे ही जला लो लाईट कल आके मीटर से सही कर देगे ।लेकिन मीटर से उपभोक्ताओं की लाईट जोड़ी नही जाती है ।और ना ही ठीक की जाती है । और अधिकारियों के द्वारा सोची समझी साजिश करके एक षड्यंत्र किया जाता है । संयुक्त टीम आती है ।जिसमे 20 से 22 लोग आते है।उपभोक्ताओं के घर के अन्दर घुस जाते है।और बिजली की चैकिंग करते है । और कहते है कि आप दो खम्भो से दो जगह से लाईट जला रहे थे ।बिजली की चोरी कर रहे है। आपके ऊपर बिजली चोरी का मुकदमा लिखा जायेगा। कुठौन्द आना उरई आना आफिस मे मिलना ।अब यही से होता है।लेनदेन का खेल शुरू जो पैसा दे देता है।उसका कुछ नही होता है ।और जो पैसा नही देता है उस पर फर्जी मुकदमा लिखा जाता है। सूत्रो से मिली जानकारी के अनुसार कुठौन्द एसडीओ अपने आफिस मे बैठे कम्पयूटर आपरेटर के माध्यम से लेनदेन करते है । और विघुत सम्बन्धी मामलों का समाधान करते है । एसडीओ कुठौन्द और जेई ग्रामीणों को द्वेष भवना के तहत प्रताड़ित कर रहे है ।कुछ दिन पूर्व बिजली सप्लाई नियम अनुसार ठीक से नही दी जा रही थी । जिसको लेकर ग्रामीण उपभोक्ताओं ने पावर हाउस पर ताला लगाकर प्रर्दशन किया था । पत्रकार ने ग्रामीणों की खबर प्रकाशित की थी। मीगनी पावर हाउस पर तैनात जेई ने दूरभाष पर ग्रामीणों को गालियां दी थी ।जिसका आडियो भी वायरल हुआ था ।ग्रामीणो के द्वारा गोहन थाना में जेई के खिलाफ प्रार्थना पत्र भी दिया गया था । इसी से खफा एसडीओ कुठौन्द निखिल जिन्दल और जेई ने संयुक्त टीम के साथ बिजली चैकिंग के नाम पर उपभोक्ताओं को प्रताड़ित कर रहे है । फर्जी मुकदमा लिखने का काम कर रहे है ।दबाव बना रहे है और अपने पद का दुरुप्योग कर रहे है । ग्रामीण उपभोक्ता खेती किसानी के काम जुड़ा हुआ है ।पहले ओलाबृष्टि और अब अतिवृष्टि से किसानो की फसल पूरी तरह खराब हो चुकी है नष्ट हो चुकी है ।किसान भुखमरी की कगार पर है।और विघुत विभाग के अधिकारी बिजली चैकिग के नाम पर बिल जमा के नाम पर अपने निजी स्वार्थ में बदले की भावना से काम कर रहे रहे । सरकार की छबि को खराब कर रहे हैं जिलाधिकारी के आदेश को ठेंगा दिखा रहे है ऐसे द्वेष भावना रखने वाले अधिकारियों के प्रकोप से ग्रामीण भोली भाली जनता को उपभोक्ताओं को बचाया जाऐ । जनता को न्याय दिया जाऐ। विघुत विभाग के फर्जी मुकदमो से बचाया जाऐ । नए जिलाधिकारी महोदय से इस मामले में बिजली अधिकारियों को सख्त हिदायत व दख़ल दिए जाने की अपेक्षा है।
जिला संवाददाता रोहित कुमार
गोपाल द्विवेदी कि रिपोर्ट

